यहां से अपने बेटे को चुनाव लड़ाना चाहते हैं पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत

ख़बर शेयर करें

पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत हरिद्वार संसदीय सीट से अपने बेटे को चुनाव लड़ाना चाहते हैं। उन्होंने इसे अपनी मन की बात बताते हुए हरिद्वार की जनता और कांग्रेस आला कमान के सामने रखने की बात भी कही है।

बुधवार को नैनीताल रोड स्थित एक होटल में मीडिया से मुखातिब हुए पूर्व सीएम रावत ने कहा कि वह सामान्य घर से राजनीति में आए हैं। इसमें परिवार ने उनकी भरपूर मदद की है। रावत ने कहा कि उन्होंने राजनीति में अपने परिवार से आगे अपने संगी-साथियों को रखा है। मेरा बेटा भी लंबे समय से कांग्रेस और पार्टी संगठन की मजबूती के लिए काम करता रहा है, इसलिए मेरी इच्छा है कि उसे इस लोकसभा चुनाव में हरिद्वार संसदीय सीट से टिकट मिले। हालांकि हरिद्वार की जनता एवं पार्टी का जो निर्णय होगा, वह अंतिम होगा।

यह भी पढ़ें 👉  होटल-होमस्टे पंजीकरण की नई नियमावली से छोटे कारोबारियों पर न पड़े अतिरिक्त बोझपंजीकरण और नवीनीकरण की प्रक्रिया सरल व पारदर्शी बनाने की उठाई मांग

रावत ने कहा कि उनका बेटा आनंद रावत उत्तराखंड यूथ कांग्रेस का पहला निर्विरोध अध्यक्ष रहा है। उसे अभी तक विधायक तो क्या, ब्लॉक प्रमुख तक का चुनाव नहीं लड़ाया गया है। कहा कि चंडीगढ़ में मंगलवार को इंडिया गठबंधन के जीते हुए मेयर प्रत्याशी को जिस तरह से भाजपा ने नकारा है, वह पूरी दुनिया ने देखा, यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक है। जनता को समझना होगा कि अगर भाजपा फिर से सत्ता में आती है, तो देश के हालात कैसे होंगे।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड पुलिस के दो अधिकारियों को मिला सम्मान, डॉ. जगदीश चंद्र को राष्ट्रपति पुलिस पदक और हरबन्स सिंह को गोल्ड मेडल

उन्होंने कहा कि बिहार के सीएम नीतीश कुमार के एनडीए में जाने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। रावत ने कहा कि इंडिया गठबंधन में नीतीश को प्रधानमंत्री के चेहरे के रूप में देखा जा रहा था। एनडीए में जाकर उन्होंने अपना ही नुकसान किया है। हरिद्वार सीट पर सपा की दावेदारी के सवाल पर रावत ने कहा कि यह सब इंडिया गठबंधन के तहत ही तय होगा।

Join WhatsApp Group
यह भी पढ़ें 👉  होटल-होमस्टे पंजीकरण की नई नियमावली से छोटे कारोबारियों पर न पड़े अतिरिक्त बोझपंजीकरण और नवीनीकरण की प्रक्रिया सरल व पारदर्शी बनाने की उठाई मांग
Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad

You cannot copy content of this page