राज्य में भूमि संबंधी विवादों के त्वरित और प्रभावी निस्तारण के लिए एक महीने का विशेष अभियान चलाया जाएगा। बुधवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन और डीजीपी दीपम सेठ को इसके निर्देश दिए। यह अभियान सभी जिलों में चलेगा। इन मामलों के स्थायी समााधन के लिए एक महीने का लक्ष्य तय किया गया है। मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि इस अभियान के अंत तक भूमि विवादों से जुड़े लंबित मामलों को शून्य स्तर तक लाया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भूमि विवाद आम नागरिकों की समस्याओं से सीधे जुड़े होते हैं। इनके कारण कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द्र पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इसलिए सरकार की प्राथमिकता है कि ऐसे विवादों का त्वरित, पारदर्शी और न्यायसंगत समाधान हो। उन्होंने अधिकारियों को कहा कि अभियान के दौरान संवेदनशील मामलों पर विशेष ध्यान दिया जाए। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अभियान की प्रगति की समीक्षा मुख्य सचिव के स्तर पर हर हफ्ते की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस विशेष अभियान से भूमि विवादों के शीघ्र निस्तारण के साथ-साथ आम जनता को राहत मिलेगी।
एसडीएम की अध्यक्षता में भी बनाईं जाएं समिति: मुख्यमंत्री ने कहा कि जरूरत पड़ने पर तहसील स्तर पर एसडीएम की अध्यक्षता में समितियों का गठन किया जाए। इन समितियों में संबंधित पुलिस क्षेत्राधिकारी और चकबंदी विभाग के अधिकारियों को भी सदस्य के रूप में शामिल किया जाएगा।
लेटैस्ट न्यूज़ अपडेट पाने हेतु -
👉 वॉट्स्ऐप पर हमारे समाचार ग्रुप से जुड़ें

